मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना राज्य सरकार की उस पुरानी कृषक बंधु योजना का नया नाम है, जिसे राज्य मंत्रिमंडल ने मंजूरी दी है। कृषि विभाग इस योजना को लागू करता है। घोषित योजना के तहत पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ पाने वाले किसानों को राज्य सरकार हर साल अतिरिक्त ₹3,000 देगी। इससे किसानों को केंद्र और राज्य सरकार से मिलाकर सालाना कुल ₹9,000 की आर्थिक सहायता मिलेगी। सरकार पहली किस्त 5 नवंबर 2026 को हुगली जिले के पुरसुरा से जारी करेगी। राज्य के लगभग 48 से 50 लाख किसान इस अतिरिक्त सहायता का लाभ उठा सकते हैं।
पश्चिम बंगाल मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की मुख्य जानकारी | |
|---|---|
| योजना का नाम | मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना (कृषक बंधु योजना का नया स्वीकृत नाम) |
| मंजूरी देने वाली संस्था | मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के नेतृत्व में राज्य मंत्रिमंडल, अक्टूबर 2026 |
| संबंधित विभाग | कृषि विभाग, पश्चिम बंगाल सरकार |
| योजना का प्रकार | पीएम किसान सम्मान निधि योजना के अतिरिक्त किसानों को राज्य सरकार की आर्थिक सहायता |
| लक्षित लाभार्थी | पश्चिम बंगाल के वे किसान जिन्हें पहले से पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ मिलता है |
| राज्य सरकार की वार्षिक सहायता | ₹3,000 प्रति वर्ष, राज्य सरकार की घोषणा के अनुसार |
| राज्य सरकार की किस्तें | रिपोर्ट के अनुसार ₹2,000 और ₹1,000 की दो किस्तें |
| पीएम किसान सम्मान निधि योजना की वार्षिक सहायता | ₹6,000, तीन किस्तों में ₹2,000 प्रति किस्त |
| कुल वार्षिक सहायता | ₹9,000 तक, जिसमें पीएम किसान सम्मान निधि योजना के ₹6,000 और राज्य सरकार के ₹3,000 शामिल हैं |
| पहली भुगतान तिथि | 5 नवंबर 2026, हुगली जिले के पुरसुरा से |
| अनुमानित लाभार्थी | पूरे राज्य में लगभग 48 से 50 लाख किसान |
| भुगतान का तरीका | प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से लाभार्थी के बैंक खाते में |
| परिवार के लिए पात्रता नियम | कृषि मंत्री के बयान के अनुसार, एक परिवार से केवल एक लाभार्थी |
| लाभार्थियों का सत्यापन | विभाग रिकॉर्ड की जांच करेगा और फर्जी या अपात्र लाभार्थियों, जिनमें आयकरदाता और कुछ श्रेणियों के सरकारी कर्मचारी शामिल हैं, के नाम हटाएगा |
| आवेदन प्रक्रिया | रिपोर्ट के अनुसार अलग से आवेदन करने की जरूरत नहीं है। किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि योजना का रिकॉर्ड पूरा और अपडेट रखना चाहिए |
| सहायता के लिए संपर्क | ब्लॉक कृषि अधिकारी या कृषि विभाग, हावड़ा, फोन: (033) 2214 1778 |
| आधिकारिक वेबसाइट | कृषक बंधु पोर्टल और पीएम किसान सम्मान निधि योजना पोर्टल |
पश्चिम बंगाल मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का परिचय: एक संक्षिप्त जानकारी
किसानों को फसल से आमदनी मिलने से पहले ही बीज, खाद और खेतों में मजदूरी पर पैसा खर्च करना पड़ता है। समय पर आर्थिक सहायता मिलने से वे खेती से जुड़े इन खर्चों को संभाल सकते हैं और अगले फसल सीजन की तैयारी कर सकते हैं। मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का उद्देश्य पश्चिम बंगाल के किसानों को केंद्र सरकार की पीएम किसान सम्मान निधि योजना के अतिरिक्त राज्य सरकार की आर्थिक सहायता देना है।
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के नेतृत्व में राज्य मंत्रिमंडल ने अक्टूबर 2026 के अंतिम दिनों में पुरानी कृषक बंधु योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना रखने की मंजूरी दी। इससे पहले सितंबर में मुख्यमंत्री ने घोषणा की थी कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ पाने वाले किसानों को अब सालाना ₹6,000 के बजाय कुल ₹9,000 की सहायता मिलेगी।
पश्चिम बंगाल सरकार का कृषि विभाग इस योजना को लागू करता है। ब्लॉक और जिला स्तर पर ब्लॉक कृषि अधिकारी तथा कृषि विभाग के सहायक निदेशक योजना से जुड़े कामकाज में सहायता करते हैं।
इस योजना का उद्देश्य पीएम किसान सम्मान निधि योजना के साथ राज्य सरकार की अतिरिक्त सहायता जोड़कर पश्चिम बंगाल के किसानों को अधिक आर्थिक सहयोग देना है। कृषि विभाग लाभार्थियों के रिकॉर्ड की जांच भी कर रहा है, ताकि फर्जी और अपात्र नाम हटाए जा सकें। इनमें आयकरदाता और कुछ श्रेणियों के सरकारी कर्मचारी भी शामिल हैं।
पश्चिम बंगाल सरकार ने घोषणा की है कि मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ पाने वाले प्रत्येक पात्र किसान को हर साल अतिरिक्त ₹3,000 मिलेंगे। रिपोर्ट के अनुसार, राज्य सरकार यह राशि ₹2,000 और ₹1,000 की दो किस्तों में जारी करेगी। पीएम किसान सम्मान निधि योजना के सालाना ₹6,000 को मिलाकर किसानों को कुल ₹9,000 प्रति वर्ष मिल सकते हैं। सरकार यह राशि सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में भेजेगी।
मुख्यमंत्री की मौजूदगी में पहली राशि 5 नवंबर 2026 को हुगली जिले के पुरसुरा से जारी करने की योजना है। रिपोर्ट के अनुसार, पश्चिम बंगाल के लगभग 48 से 50 लाख किसान इस अतिरिक्त सहायता का लाभ उठा सकते हैं।
अब तक राज्य सरकार ने पीएम किसान सम्मान निधि योजना के मौजूदा लाभार्थियों को राज्य की अतिरिक्त सहायता के लिए लक्षित लाभार्थी बताया है। कृषि मंत्री ने यह भी कहा है कि एक परिवार से केवल एक लाभार्थी को सहायता मिलेगी। कृषि विभाग अंतिम पात्रता शर्तों और योजना लागू करने के निर्देशों की जानकारी आधिकारिक अधिसूचना के माध्यम से देगा।
उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, पात्र किसानों को अलग से आवेदन करने की जरूरत नहीं होगी। हालांकि, उन्हें अपना पीएम किसान सम्मान निधि योजना पंजीकरण पूरा रखना चाहिए, eKYC सत्यापित करानी चाहिए और यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनका बैंक खाता आधार से जुड़ा हो। सहायता के लिए किसान कृषि विभाग या अपने ब्लॉक कृषि कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
राज्य की पुरानी आर्थिक सहायता योजना के बारे में जानने के लिए किसान कृषक बंधु योजना की जानकारी पढ़ सकते हैं। केंद्र सरकार की आर्थिक सहायता के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना देख सकते हैं। किसान फसल बीमा के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और कृषि ऋण के लिए किसान क्रेडिट कार्ड योजना की जानकारी भी प्राप्त कर सकते हैं।
पश्चिम बंगाल के किसान, कृषि परिवार और खेती से जुड़ी अन्य सरकारी सहायता योजनाओं की जानकारी चाहने वाले पाठक हमारी पश्चिम बंगाल सरकार की कल्याणकारी योजनाओं की सूची देख सकते हैं।
पश्चिम बंगाल मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के नवीनतम अपडेट
- 25 सितंबर 2026: मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पूर्व बर्धमान में आयोजित एक बैठक में घोषणा की कि पश्चिम बंगाल के पीएम किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी किसानों को अब सालाना ₹6,000 के बजाय कुल ₹9,000 मिलेंगे। राज्य सरकार इसमें अतिरिक्त ₹3,000 देगी।
- 28 सितंबर 2026: कृषि मंत्री दुध कुमार मंडल ने बताया कि सरकार एक परिवार से केवल एक लाभार्थी को सहायता देगी। विभाग लाभार्थियों की सूची की जांच करेगा और फर्जी नामों, आयकरदाताओं तथा अपात्र सरकारी कर्मचारियों के नाम हटाएगा।
- नया पंजीकरण और सत्यापन: रिपोर्ट के अनुसार, कृषि विभाग ने पुरानी कृषक बंधु योजना के पात्र किसानों को नया पंजीकरण और सत्यापन पूरा करने के लिए अतिरिक्त 10 दिन दिए थे। किसानों को लागू पंजीकरण निर्देशों के लिए आधिकारिक पोर्टल देखना चाहिए।
- अक्टूबर 2026 का अंतिम सप्ताह: राज्य मंत्रिमंडल ने पुरानी कृषक बंधु योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि रखने की मंजूरी दी।
- 5 नवंबर 2026: मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी हुगली जिले के पुरसुरा से पहली किस्त जारी करने वाले हैं। राज्य सरकार को उम्मीद है कि लगभग 48 से 50 लाख किसानों को अतिरिक्त सहायता मिलेगी।
- योजना के विस्तृत दिशा-निर्देश: कृषि विभाग ने अभी तक अंतिम पात्रता शर्तों और योजना लागू करने के नियमों की पुष्टि करने वाला विस्तृत नोटिस जारी नहीं किया है। किसान आधिकारिक जानकारी के लिए कृषक बंधु पोर्टल और माटिर कथा पोर्टल देखते रहें।
- पहली किस्त से पहले जरूरी जांच: किसानों को अपना पीएम किसान सम्मान निधि योजना लाभार्थी स्टेटस जांचना चाहिए, eKYC पूरी करनी चाहिए और यह सुनिश्चित करना चाहिए कि आधार से जुड़े बैंक खाते का विवरण सही है। राज्य सरकार पीएम किसान सम्मान निधि योजना के रिकॉर्ड के आधार पर पात्र लाभार्थियों की पहचान करने की योजना बना रही है।
पात्र लाभार्थियों को मिलने वाले लाभ
किसानों को खेती के मौसम में बीज, खाद और मजदूरी जैसे खर्चों के लिए समय पर आर्थिक सहायता की जरूरत होती है। पश्चिम बंगाल सरकार की मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ पाने वाले पात्र किसानों को अतिरिक्त राज्य सहायता देती है। इससे केंद्र और राज्य सरकार से मिलने वाली उनकी कुल वार्षिक आर्थिक सहायता बढ़ जाती है।
- पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ पाने वाले पात्र किसानों को राज्य सरकार हर साल अतिरिक्त ₹3,000 देगी। मुख्यमंत्री और कृषि मंत्री ने इसकी घोषणा की है।
- किसानों को दोनों योजनाओं को मिलाकर सालाना ₹9,000 तक मिलेंगे। इसमें पीएम किसान सम्मान निधि योजना के ₹6,000 और राज्य सरकार के ₹3,000 शामिल हैं।
- राज्य सरकार अतिरिक्त सहायता दो किस्तों में देगी। रिपोर्ट के अनुसार, प्रस्तावित किस्तें ₹2,000 और ₹1,000 की होंगी।
- मुख्यमंत्री और कृषि मंत्री की मौजूदगी में पहली किस्त 5 नवंबर 2026 को हुगली जिले के पुरसुरा से जारी करने की योजना है।
- अन्य जिलों के किसान वर्चुअल माध्यम से इस कार्यक्रम में जुड़ सकते हैं। सरकार पात्र लाभार्थियों के खातों में एक साथ सहायता राशि भेज सकती है।
- पश्चिम बंगाल के लगभग 48 से 50 लाख किसानों को राज्य सरकार की अतिरिक्त सहायता मिलने की उम्मीद है।
- सरकार प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से सीधे किसानों के बैंक खातों में पैसा भेजेगी। इस प्रक्रिया में किसी बिचौलिए की जरूरत नहीं होगी।
- उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, पात्र पीएम किसान सम्मान निधि योजना लाभार्थियों को राज्य की सहायता के लिए अलग से आवेदन नहीं करना होगा। विभाग मौजूदा पीएम किसान सम्मान निधि योजना के रिकॉर्ड का इस्तेमाल करेगा।
- किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत पहले की तरह हर साल ₹6,000 मिलते रहेंगे। सरकार यह राशि हर चार महीने में ₹2,000 की तीन किस्तों में जारी करती है।
- कृषि विभाग लाभार्थियों के रिकॉर्ड की जांच कर रहा है। विभाग आयकरदाताओं और कुछ श्रेणियों के सरकारी कर्मचारियों सहित फर्जी या अपात्र लाभार्थियों के नाम सूची से हटाएगा।
- राज्य मंत्रिमंडल ने पुरानी कृषक बंधु योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि रखने की मंजूरी दी है।
पुरानी कृषक बंधु योजना के किसानों के लिए
- कृषि मंत्री ने कहा है कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ पाने वाला किसान कृषक बंधु (न्यू) के लिए पात्र नहीं था और कृषक बंधु (न्यू) का लाभार्थी पीएम किसान सम्मान निधि योजना के लिए पात्र नहीं था। योजना का नाम बदलने के बाद इन दोनों श्रेणियों के किसानों पर यह नियम कैसे लागू होगा, इसकी जानकारी विभाग अपने निर्देशों में देगा।
- विभाग ने पुरानी कृषक बंधु लाभार्थी सूची में शामिल किसानों से सत्यापन पूरा करने को कहा है। इसलिए अपना कृषक बंधु आईडी और जमीन से जुड़े दस्तावेज तैयार रखें।
पात्रता की शर्तें
पश्चिम बंगाल सरकार की मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना, जिसे कृषक बंधु योजना का नया नाम दिया गया है, केंद्र सरकार की पीएम किसान सम्मान निधि योजना से जुड़ी है। अब तक उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, राज्य सरकार उन पात्र किसानों को आर्थिक सहायता देने की योजना बना रही है जिन्हें पहले से पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ मिलता है। नीचे दी गई शर्तें अब तक की घोषणाओं और उपलब्ध जानकारी पर आधारित हैं। किसानों को अंतिम पात्रता नियमों के लिए सरकार की आधिकारिक अधिसूचना भी देखनी चाहिए।
किन किसानों को लाभ मिलने की संभावना है
- पश्चिम बंगाल का ऐसा किसान, जिसके परिवार को पहले से पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत आर्थिक सहायता मिलती है।
- ऐसा किसान जिसका नाम राज्य की पीएम किसान सम्मान निधि योजना की लाभार्थी सूची में दर्ज है। रिपोर्ट के अनुसार, इस सूची में लगभग 48 से 50 लाख किसान शामिल हैं।
- ऐसा किसान जिसके नाम पर लागू भूमि स्वामित्व शर्तों के अनुसार खेती योग्य कृषि भूमि दर्ज है।
- ऐसा किसान जिसके पास वैध आधार नंबर और DBT के माध्यम से सहायता पाने के लिए आधार से जुड़ा बैंक खाता है।
- ऐसा किसान जिसने पीएम किसान सम्मान निधि योजना की eKYC पूरी कर ली है और जिसका लाभार्थी स्टेटस सक्रिय है।
पीएम किसान सम्मान निधि योजना से जुड़ी शर्तें
- प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत किसान परिवार में पति, पत्नी और नाबालिग बच्चे शामिल होते हैं। योजना इन्हें एक लाभार्थी परिवार मानती है।
- परिवार के पास खेती योग्य कृषि भूमि होनी चाहिए और उसे पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत लागू भूमि संबंधी शर्तें पूरी करनी चाहिए।
- किसान के भूमि रिकॉर्ड, आधार विवरण और बैंक खाते की जानकारी पीएम किसान सम्मान निधि योजना के रिकॉर्ड से मेल खानी चाहिए।
- किसान का पीएम किसान सम्मान निधि योजना लाभार्थी स्टेटस सक्रिय होना चाहिए। उसके रिकॉर्ड में कोई लंबित सत्यापन या भुगतान संबंधी रोक नहीं होनी चाहिए।
एक परिवार से एक लाभार्थी
- कृषि मंत्री के बयान के अनुसार, नए वित्तीय वर्ष से बदली हुई कृषक बंधु योजना में एक परिवार से केवल एक लाभार्थी को सहायता मिलेगी।
- कृषि विभाग अंतिम लाभार्थी सूची तैयार करने से पहले रिकॉर्ड की जांच करेगा और फर्जी, दोहरे या अपात्र नामों की पहचान करेगा।
किन किसानों को लाभ नहीं मिलेगा
पीएम किसान सम्मान निधि योजना के नियमों के तहत नीचे दी गई श्रेणियों को लाभ नहीं मिलता। इसलिए अंतिम राज्य अधिसूचना की शर्तों के अधीन ये किसान राज्य की अतिरिक्त सहायता से भी बाहर रह सकते हैं:
- संस्थागत भूमि धारक पीएम किसान सम्मान निधि योजना के पात्र नहीं हैं।
- ऐसे परिवार जिनका कोई सदस्य संवैधानिक पद पर है या रह चुका है। इसमें मंत्री, सांसद, विधायक, महापौर और जिला पंचायत अध्यक्ष भी शामिल हैं।
- केंद्र या राज्य सरकार के विभागों में कार्यरत या सेवानिवृत्त अधिकारी और कर्मचारी। हालांकि, पात्र मल्टी-टास्किंग स्टाफ (MTS), चतुर्थ श्रेणी और ग्रुप D कर्मचारियों को नियमों के अनुसार छूट मिलती है।
- ऐसे सेवानिवृत्त पेंशनभोगी जिन्हें हर महीने ₹10,000 या उससे अधिक पेंशन मिलती है। पीएम किसान सम्मान निधि योजना के नियमों में विशेष छूट प्राप्त कर्मचारी श्रेणियां इससे अलग हैं।
- पिछले आकलन वर्ष में आयकर जमा करने वाले आयकरदाता।
- पंजीकृत पेशेवर, जिनमें अपने पेशे में प्रैक्टिस करने वाले डॉक्टर, इंजीनियर, वकील, चार्टर्ड अकाउंटेंट और आर्किटेक्ट शामिल हैं।
- विभागीय सत्यापन के दौरान पहचाने गए फर्जी या दोहरे लाभार्थी।
पुरानी कृषक बंधु योजना में पंजीकृत किसानों के लिए
- कृषि मंत्री ने कहा है कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ पाने वाले किसान कृषक बंधु (न्यू) के लिए पात्र नहीं थे और कृषक बंधु (न्यू) के लाभार्थी पीएम किसान सम्मान निधि योजना के लिए पात्र नहीं थे। योजना का नाम बदलने के बाद यह प्रतिबंध किस तरह लागू होगा, इसकी जानकारी विभाग के अंतिम निर्देशों से मिलेगी।
- कृषक बंधु (नतुन) के तहत 1 एकड़ या उससे अधिक खेती योग्य भूमि रखने वाले किसानों को सालाना अधिकतम ₹10,000 मिल सकते थे। कम भूमि वाले किसानों को उनके भूमि क्षेत्र के अनुसार अनुपातिक सहायता मिलती थी। हालांकि, न्यूनतम वार्षिक सहायता ₹4,000 थी, जिसे खरीफ और रबी सीजन में दो किस्तों में दिया जाता था।
- पुरानी कृषक बंधु योजना में 18 से 60 वर्ष की आयु के पंजीकृत किसान की मृत्यु होने पर उसके परिवार को ₹2 लाख की सहायता भी मिलती थी।
आवश्यक दस्तावेज
पश्चिम बंगाल सरकार की मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत पात्र किसानों को उनके पीएम किसान सम्मान निधि योजना पंजीकरण से जुड़ी अतिरिक्त आर्थिक सहायता मिलेगी। राज्य मंत्रिमंडल ने पुरानी कृषक बंधु योजना को यही नया नाम दिया है। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, किसानों को अलग से आवेदन जमा करने की जरूरत नहीं होगी। नीचे दिए गए दस्तावेज पीएम किसान सम्मान निधि योजना के पंजीकरण और मौजूदा किसान रिकॉर्ड के सत्यापन से जुड़े हैं। इनकी स्पष्ट प्रतियां तैयार रखें और अंतिम दस्तावेज सूची के लिए विभाग का नया नोटिस देखें।
पहचान और संपर्क से जुड़े दस्तावेज
- किसान का आधार कार्ड
- आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर
- किसान की हाल की पासपोर्ट साइज फोटो
- पीएम किसान सम्मान निधि योजना पंजीकरण संख्या
भूमि से जुड़े दस्तावेज
- किसान के नाम पर खेती योग्य भूमि दिखाने वाला रिकॉर्ड ऑफ राइट्स (खतियान)
- बांग्लारभूमि पोर्टल पर दर्ज प्लॉट नंबर और भूमि का क्षेत्रफल
- यदि किसान को माता-पिता या परिवार के किसी अन्य सदस्य से जमीन विरासत में मिली है, तो म्यूटेशन या विरासत से जुड़े दस्तावेज
बैंक खाते से जुड़े दस्तावेज
- किसान का आधार से जुड़ा बचत बैंक खाता
- खाता संख्या और IFSC कोड दिखाने वाली बैंक पासबुक की कॉपी या कैंसिल चेक
- बैंक खाते में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से भुगतान प्राप्त करने की सुविधा का प्रमाण
पीएम किसान सम्मान निधि योजना के रिकॉर्ड के सत्यापन या सुधार के लिए दस्तावेज
- पीएम किसान सम्मान निधि योजना पोर्टल पर पूरी की गई eKYC का प्रमाण। किसान OTP या कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर बायोमेट्रिक सत्यापन के जरिए eKYC पूरी कर सकते हैं।
- पीएम किसान सम्मान निधि योजना के रिकॉर्ड में किसान के नाम, आधार नंबर या बैंक खाते की जानकारी में गलती सुधारने के लिए संबंधित दस्तावेज
- ऐसा स्व-घोषणा पत्र जिसमें किसान पुष्टि करे कि उसके परिवार का कोई सदस्य आयकरदाता या निर्धारित सरकारी पदों से जुड़ी अपात्र श्रेणी में नहीं आता है।
पुराने कृषक बंधु लाभार्थियों के लिए अतिरिक्त दस्तावेज
- पुरानी योजना में पंजीकृत किसानों का कृषक बंधु पंजीकरण नंबर या आईडी
- हालिया सत्यापन अभियान के दौरान ब्लॉक कृषि अधिकारी को जमा किया गया सत्यापन फॉर्म (अनुलग्नक-I), यदि किसान ने इसे जमा किया है
- परिवार से एक पात्र लाभार्थी की पहचान करने वाला प्रमाण, क्योंकि रिपोर्ट के अनुसार विभाग एक परिवार से केवल एक लाभार्थी को अनुमति देगा।
योजना का लाभ पाने के लिए आवेदन कैसे करें?
पश्चिम बंगाल मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लिए किसानों को नया आवेदन जमा करने की जरूरत शायद न पड़े, क्योंकि रिपोर्ट के अनुसार विभाग मौजूदा पीएम किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी रिकॉर्ड के आधार पर भुगतान करेगा। इसलिए सबसे पहले अपना पीएम किसान सम्मान निधि योजना पंजीकरण जांचें। साथ ही, यह सुनिश्चित करें कि आपके आधार, बैंक खाते और जमीन से जुड़े सभी विवरण सही हैं।
अपनी पात्रता जांचने, लंबित औपचारिकताएं पूरी करने और राज्य सरकार की सहायता पाने में किसी परेशानी से बचने के लिए नीचे दिए गए चरणों का पालन करें।
सबसे पहले जानें कि आपको क्या करना है
चरण 1: राज्य मंत्रिमंडल ने पुरानी कृषक बंधु योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि रखने की मंजूरी दी है।
चरण 2: राज्य सरकार पश्चिम बंगाल के उन पात्र किसानों को अतिरिक्त आर्थिक सहायता देने की योजना बना रही है जिन्हें पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ मिलता है।
चरण 3: घोषित कार्यक्रम के अनुसार, पहली राशि 5 नवंबर 2026 को हुगली जिले के पुरसुरा से जारी की जाएगी।
चरण 4: रिपोर्ट के अनुसार, पीएम किसान सम्मान निधि योजना के पात्र लाभार्थियों को इस भुगतान के लिए अलग से आवेदन नहीं करना होगा। किसी एजेंट या बिचौलिए को फॉर्म भरने या योजना का लाभ दिलाने के नाम पर पैसे न दें।
पीएम किसान सम्मान निधि योजना की लाभार्थी सूची में अपना नाम जांचें
चरण 1: अपनी जानकारी जांचने से पहले आधार कार्ड और पंजीकृत मोबाइल नंबर अपने पास रखें।
चरण 2: अपने मोबाइल या कंप्यूटर पर पीएम किसान सम्मान निधि योजना की आधिकारिक वेबसाइट खोलें।
चरण 3: वेबसाइट के होमपेज पर Farmers Corner सेक्शन खोजें।
चरण 4: Know Your Status विकल्प चुनें और अपना पीएम किसान सम्मान निधि योजना पंजीकरण नंबर दर्ज करके लाभार्थी की जानकारी जांचें।
चरण 5: यदि आपको अपना पंजीकरण नंबर याद नहीं है, तो Know Your Registration No. विकल्प चुनें। इसके बाद पंजीकृत मोबाइल नंबर या आधार विवरण की मदद से नंबर प्राप्त करने के निर्देशों का पालन करें।
चरण 6: अपनी किस्तों और लाभार्थी स्टेटस की जानकारी देखें। पोर्टल पर कोई सत्यापन या सुधार लंबित दिखे, तो दिए गए निर्देशों के अनुसार उसे पूरा करें।
चरण 7: आप Farmers Corner में मौजूद Beneficiary List विकल्प से भी अपना नाम देख सकते हैं। इसके लिए राज्य, जिला, ब्लॉक और गांव चुनें। इसके बाद गांव की लाभार्थी सूची में अपना नाम जांचें।
eKYC और आधार लिंकिंग पूरी करें
चरण 1: पीएम किसान सम्मान निधि योजना पोर्टल के Farmers Corner सेक्शन में वापस जाएं और e-KYC विकल्प चुनें।
चरण 2: अपना आधार नंबर दर्ज करें और आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर आए OTP से सत्यापन पूरा करें।
चरण 3: यदि OTP से सत्यापन नहीं हो पाता है, तो नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) जाएं और ऑपरेटर से बायोमेट्रिक eKYC पूरी करने को कहें।
चरण 4: जांचें कि आपका बैंक खाता आधार से जुड़ा है और उसमें प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से भुगतान प्राप्त करने की सुविधा सक्रिय है।
चरण 5: यदि आपका बैंक खाता आधार से ठीक से लिंक नहीं है, तो बैंक शाखा जाएं। वहां कर्मचारियों से आधार सीडिंग और DBT से जुड़ी जरूरी प्रक्रिया पूरी करने को कहें।
चरण 6: यदि पीएम किसान सम्मान निधि योजना पोर्टल पर आधार से जुड़ी कोई गलती दिखाई देती है, तो उपलब्ध होने पर Farmers Corner में Edit Aadhaar Failure Records विकल्प खोलें और सुधार से जुड़े निर्देशों का पालन करें।
यदि आपका नाम अभी पीएम किसान सम्मान निधि योजना की सूची में नहीं है
चरण 1: अपना आधार कार्ड, मोबाइल नंबर, बैंक खाते का विवरण और कृषि भूमि से जुड़े दस्तावेज तैयार रखें।
चरण 2: पीएम किसान सम्मान निधि योजना की आधिकारिक वेबसाइट खोलें और Farmers Corner में New Farmer Registration विकल्प खोजें।
चरण 3: Rural Farmer Registration चुनें और अपना आधार नंबर, मोबाइल नंबर तथा राज्य के रूप में पश्चिम बंगाल दर्ज करें।
चरण 4: अपने पंजीकृत मोबाइल नंबर पर आए OTP से सत्यापन पूरा करें।
चरण 5: पंजीकरण फॉर्म में अपनी व्यक्तिगत जानकारी, बैंक खाते का विवरण और कृषि भूमि से जुड़ी जानकारी भरें।
चरण 6: सभी जानकारी जांचें, फॉर्म जमा करें और भविष्य में इस्तेमाल के लिए अपना पंजीकरण नंबर सुरक्षित रखें।
चरण 7: पंजीकरण के दौरान परेशानी आने पर अपने ब्लॉक कृषि कार्यालय या नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) से सहायता लें। ध्यान रखें कि केवल पीएम किसान सम्मान निधि योजना में पंजीकरण कराने से राज्य की सहायता मिलने की गारंटी नहीं मिलती। आपको राज्य सरकार की अंतिम पात्रता शर्तें भी पूरी करनी होंगी।
यदि आपका नाम पुरानी कृषक बंधु लाभार्थी सूची में है
चरण 1: अपना पुराना कृषक बंधु पंजीकरण नंबर या आईडी और कृषि भूमि से जुड़े दस्तावेज तैयार रखें।
चरण 2: पुरानी योजना की जानकारी और उपलब्ध विवरण देखने के लिए कृषक बंधु योजना का आधिकारिक पेज खोलें।
चरण 3: अपने ब्लॉक कृषि कार्यालय में सहायक कृषि निदेशक से संपर्क करें। उनसे पूछें कि योजना का नाम बदलने के बाद पुराने कृषक बंधु लाभार्थियों पर नए नियम किस तरह लागू होंगे।
चरण 4: यदि विभाग आपसे सत्यापन फॉर्म (अनुलग्नक-I) भरने को कहता है, तो जरूरी दस्तावेजों के साथ इसे ब्लॉक कृषि अधिकारी के पास जमा करें।
चरण 5: विभाग ने कथित तौर पर एक परिवार से एक लाभार्थी का नियम लागू करने की योजना बनाई है। इसलिए अपने परिवार के साथ लाभार्थी का विवरण तय करें और कृषि विभाग के अंतिम निर्देशों का पालन करें।
भुगतान के दिन क्या करें?
चरण 1: 5 नवंबर 2026 को अपना पंजीकृत मोबाइल फोन अपने पास रखें। सहायता राशि खाते में आने पर बैंक SMS भेज सकता है।
चरण 2: भुगतान की पुष्टि करने के लिए अपना बैंक बैलेंस जांचें या बैंक पासबुक अपडेट कराएं।
चरण 3: पीएम किसान सम्मान निधि योजना पोर्टल खोलें और उपलब्ध लेनदेन विवरण देखने के लिए अपना लाभार्थी और भुगतान स्टेटस जांचें।
चरण 4: यदि आपके खाते में राशि नहीं आती है, तो आधार कार्ड, बैंक पासबुक और पीएम किसान सम्मान निधि योजना पंजीकरण नंबर लेकर ब्लॉक कृषि कार्यालय जाएं।
चरण 5: संबंधित अधिकारी से अपने भूमि रिकॉर्ड, eKYC स्टेटस और बैंक खाते की जानकारी जांचने को कहें। भुगतान से जुड़ी समस्या दूर करने के लिए जरूरी सुधार या सत्यापन पूरा करें।
कृषि विभाग के नोटिस पर नजर रखें
चरण 1: योजना से जुड़े नए अपडेट देखने के लिए पश्चिम बंगाल कृषि विभाग का आधिकारिक कृषक बंधु पोर्टल नियमित रूप से खोलें।
चरण 2: अंतिम दिशा-निर्देश और लाभार्थियों से जुड़े निर्देश जारी होने की जानकारी के लिए अपने ब्लॉक कृषि अधिकारी से संपर्क करें।
चरण 3: ग्राम पंचायत और ब्लॉक कृषि कार्यालय की घोषणाएं भी देखते रहें, ताकि सत्यापन या दस्तावेज जमा करने से जुड़ी कोई जरूरी सूचना आपसे छूट न जाए।
महत्वपूर्ण: सरकार पात्र किसानों के बैंक खातों में सीधे सहायता राशि भेजेगी। योजना का लाभ पाने के लिए किसी ब्रोकर या एजेंट को पैसे देने की जरूरत नहीं है। चूंकि विभाग विस्तृत दिशा-निर्देश अलग से जारी कर सकता है, इसलिए हमेशा पश्चिम बंगाल कृषि विभाग के नवीनतम नोटिस का पालन करें।
योजना के महत्वपूर्ण लिंक
- कृषक बंधु योजना की जानकारी, पश्चिम बंगाल कृषि विभाग
- कृषक बंधु आधिकारिक पोर्टल, पश्चिम बंगाल सरकार
- पश्चिम बंगाल कृषि विभाग के नोटिस और अधिसूचनाएं
- माटिर कथा आधिकारिक कृषि पोर्टल, पश्चिम बंगाल
- पीएम किसान सम्मान निधि योजना पोर्टल, किसान पंजीकरण, eKYC और लाभार्थी स्टेटस
- पश्चिम बंगाल सरकार की आधिकारिक वेबसाइट, योजनाएं और विभागीय जानकारी
- पश्चिम बंगाल सरकार के विभागों के संपर्क विवरण
सहायता के लिए संपर्क विवरण
- विभाग: कृषि विभाग, पश्चिम बंगाल सरकार, नबन्ना, तीसरी मंजिल, 325 शरत चटर्जी रोड, शिवपुर, हावड़ा – 711102
- फोन: (033) 2214 1778, (033) 2214 5506
- ईमेल: ps.agri-wb@nic.in
- मंत्री कार्यालय: mic-agri-wb@nic.in
- ब्लॉक स्तर: अपने ब्लॉक के सहायक कृषि निदेशक या ब्लॉक कृषि अधिकारी के कार्यालय से संपर्क करें। यहां किसानों के पंजीकरण और सत्यापन से जुड़े काम होते हैं।
- जिला स्तर: अपने जिले के उप कृषि निदेशक (प्रशासन) के कार्यालय से संपर्क करें।
- ग्राम स्तर: अपनी ग्राम पंचायत या नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) जाएं। यहां पीएम किसान सम्मान निधि योजना के पंजीकरण और eKYC में सहायता मिल सकती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
उत्तर: पश्चिम बंगाल मंत्रिमंडल ने पुरानी कृषक बंधु योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि योजना रखने की मंजूरी दी है। राज्य सरकार ने उन पात्र किसानों को अतिरिक्त आर्थिक सहायता देने की भी घोषणा की है, जिन्हें पहले से पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ मिलता है।
उत्तर: मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी और कृषि मंत्री दुध कुमार मंडल ने इस पहल की घोषणा की। अक्टूबर 2026 के अंतिम सप्ताह में हुई बैठक के दौरान राज्य मंत्रिमंडल ने योजना के नए नाम को मंजूरी दी।
उत्तर: राज्य सरकार ने पीएम किसान सम्मान निधि योजना के पात्र लाभार्थियों को हर साल अतिरिक्त ₹3,000 देने की घोषणा की है। इससे केंद्र और राज्य सरकार की सहायता मिलाकर किसानों को सालाना कुल ₹9,000 मिलेंगे। इसमें पीएम किसान सम्मान निधि योजना के ₹6,000 शामिल हैं।
उत्तर: उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, राज्य सरकार ₹3,000 की अतिरिक्त सहायता दो किस्तों में जारी करेगी। पहली किस्त ₹2,000 और दूसरी किस्त ₹1,000 की होगी।
उत्तर: राज्य सरकार की घोषणा के अनुसार, पहली किस्त 5 नवंबर 2026 को हुगली जिले के पुरसुरा से जारी करने की योजना है।
उत्तर: उपलब्ध पीएम किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी आंकड़ों के आधार पर पश्चिम बंगाल के लगभग 48 से 50 लाख किसानों को राज्य सरकार की अतिरिक्त सहायता मिलने की उम्मीद है।
उत्तर: अब तक की घोषणाओं के अनुसार, पश्चिम बंगाल के वे किसान इस सहायता के पात्र हो सकते हैं, जिन्हें पहले से पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ मिलता है। कृषि विभाग आधिकारिक अधिसूचना के माध्यम से पात्रता की अंतिम शर्तें स्पष्ट करेगा।
उत्तर: उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, पीएम किसान सम्मान निधि योजना के मौजूदा पात्र लाभार्थियों को अलग से आवेदन जमा करने की जरूरत नहीं होगी। राज्य सरकार मौजूदा लाभार्थी रिकॉर्ड के आधार पर सहायता देने की योजना बना रही है। हालांकि, कोई भी कदम उठाने से पहले कृषि विभाग के अंतिम निर्देश जरूर देखें।
उत्तर: सबसे पहले जांचें कि आप पीएम किसान सम्मान निधि योजना की पात्रता शर्तें पूरी करते हैं या नहीं। पात्र होने पर पीएम किसान सम्मान निधि योजना के आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से पंजीकरण करें। पंजीकरण में सहायता के लिए आप नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) या अपने ब्लॉक कृषि कार्यालय भी जा सकते हैं। ध्यान रखें कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना में पंजीकरण कराने से राज्य सरकार की सहायता मिलने की गारंटी नहीं मिलती।
उत्तर: किसान अपने आधार विवरण, बैंक खाते की जानकारी, भूमि रिकॉर्ड और eKYC स्टेटस की जांच करें। यह भी सुनिश्चित करें कि सभी जानकारियां पीएम किसान सम्मान निधि योजना के पोर्टल पर दर्ज रिकॉर्ड से मेल खाती हों।
उत्तर: कृषि मंत्री के बयान के अनुसार, बदली हुई योजना के तहत एक परिवार से केवल एक लाभार्थी को सहायता मिलेगी। लाभार्थियों के चयन की प्रक्रिया समझने के लिए किसानों को कृषि विभाग के अंतिम दिशा-निर्देशों का इंतजार करना चाहिए।
उत्तर: पश्चिम बंगाल मंत्रिमंडल ने कृषक बंधु योजना का नाम बदलकर मुख्यमंत्री किसान सम्मान निधि रखने की मंजूरी दी है। पुराने लाभार्थी अपना पंजीकरण नंबर और जमीन से जुड़े दस्तावेज तैयार रखें तथा कृषि विभाग के निर्देशों का पालन करें। पुरानी योजना की जानकारी के लिए आप कृषक बंधु योजना का आधिकारिक पेज भी देख सकते हैं।
उत्तर: नहीं, दोनों अलग-अलग योजनाएं हैं। पीएम किसान सम्मान निधि योजना केंद्र सरकार की योजना है, जिसके तहत पात्र किसान परिवारों को सालाना ₹6,000 मिलते हैं। वहीं, पश्चिम बंगाल सरकार की नई पहल के तहत पात्र किसानों को हर साल अतिरिक्त ₹3,000 देने की घोषणा की गई है। दोनों को मिलाकर किसानों को कुल ₹9,000 सालाना सहायता मिल सकती है।
उत्तर: नहीं। दोनों राज्यों में योजनाओं के नाम मिलते-जुलते हैं, लेकिन ये अलग-अलग पहल हैं। किसानों को अपने राज्य सरकार द्वारा जारी घोषणाओं और पात्रता शर्तों के आधार पर ही जानकारी प्राप्त करनी चाहिए।
उत्तर: सबसे पहले पीएम किसान सम्मान निधि योजना के पोर्टल पर अपना लाभार्थी स्टेटस और भुगतान की स्थिति जांचें। यदि भुगतान लंबित है या बैंक खाते में राशि नहीं दिखती है, तो आधार कार्ड, बैंक पासबुक और पीएम किसान सम्मान निधि योजना का पंजीकरण नंबर लेकर अपने ब्लॉक कृषि कार्यालय जाएं।
उत्तर: आप अपने ब्लॉक के कृषि अधिकारी या सहायक कृषि निदेशक से संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा, पश्चिम बंगाल कृषि विभाग, हावड़ा के कार्यालय से फोन नंबर (033) 2214 1778 पर भी संपर्क कर सकते हैं। संपर्क करने से पहले विभाग की आधिकारिक वेबसाइट से मौजूदा फोन नंबर की पुष्टि कर लें।

तबस्सुम पिछले 5 वर्षों से केंद्र और राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं पर शोध और लेखन कार्य कर रही हैं। अब तक कृषि, महिला कल्याण, शिक्षा और आवास जैसे क्षेत्रों की 500 से अधिक योजनाओं की जानकारी सरल हिंदी भाषा में प्रदान की है, ताकि हर पात्र नागरिक अपने अधिकारों को समझ सके और योजनाओं का लाभ उठा सके।
